नई दिल्ली। कुख्यात चंदन तस्कर वीरप्पन की बेटी विद्या रानी ने शनिवार को कहा कि वह तमिलनाडु के कृष्णागिरि निर्वाचन क्षेत्र से आगामी लोकसभा चुनाव लड़ेंगी। वह नाम तमिझार काची (NTC) की तमिल राष्ट्रवादी पार्टी के टिकट पर कृष्णागिरी लोकसभा सीट से चुनाव लड़ेंगी।
उन्होंने कुछ दिन पहले भाजपा से इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने कहा कि उनके पिता लोगों की सेवा करना चाहते थे, लेकिन उन्होंने इसके लिए जो तरीका चुना वह उचित नहीं था। उन्होंने कहा कि वह लोगों की सेवा करने के लिए राजनीति में आई हैं।
विद्या रानी पेशे से वकील हैं। वह एक एक्टिविस्ट भी हैं। विद्या रानी, कृष्णागिरि में बच्चों का एक स्कूल चलाती हैं और बेंगलुरु से उनका गहरा नाता है क्योंकि उन्होंने शहर में पांच साल का लॉ कोर्स किया था। यहां उनके कई दोस्त भी हैं। हालांकि वह अपने पिता वीरप्पन से केवल एक बार मिली है। विद्या रानी कहती हैं कि पिता वीरप्पन ने ही उनके जीवन को नई दिशा दी। वह कहती हैं कि जब वह तीसरी कक्षा में थीं तब तमिलनाडु-कर्नाटक सीमा पर गोपीनाथम में अपने दादा के घर पर अपने पिता से पहली और आखिरी बार मिलीं थीं।