सुकमा। छत्तीसगढ़ के सुकमा जिले से नक्सल विरोधी अभियान में बड़ी सफलता सामने आई है। नक्सलवाद के गढ़ माने जाने वाले इस क्षेत्र में 16 नक्सलियों ने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया है। इनमें दो हार्डकोर नक्सली भी शामिल हैं, जबकि छह नक्सलियों पर 25-25 लाख रुपये का इनाम घोषित था। इसके अलावा एक महिला और एक पुरुष माओवादी पर 8-8 लाख रुपये का इनाम था।
पुलिस के अनुसार, आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों में कई ऐसे शामिल हैं जो लंबे समय से क्षेत्र में हिंसक वारदातों को अंजाम देते आ रहे थे। इन नक्सलियों ने छत्तीसगढ़ सरकार की आत्मसमर्पण नीति और ‘नियद नेल्ला नार योजना’ के तहत मुख्यधारा में लौटने का फैसला लिया।
आत्मसमर्पण के दौरान सुकमा एसपी किरण चव्हाण, एसएसपी उमेश गुप्ता, सीआरपीएफ के अधिकारी और अन्य वरिष्ठ पुलिस अधिकारी मौजूद थे। एसपी चव्हाण ने जानकारी दी कि आत्मसमर्पण करने वालों में उड़ीसा और अन्य डिवीजनों से जुड़े नक्सली भी शामिल हैं। उन्होंने यह भी बताया कि इन नक्सलियों के सरेंडर के बाद एक पूरा गांव नक्सल मुक्त हो गया है। प्रशासन इस गांव को 1 करोड़ रुपये की प्रोत्साहन राशि देगा। इस घटना को नक्सल प्रभावित क्षेत्रों में शांति बहाली की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।