रिपोर्ट : अंकित कुमार गोयल
गोदान फिल्म एक भावनात्मक यात्रा है, जो गाय के महत्व और उसके सांस्कृतिक, वैज्ञानिक और सामाजिक पहलुओं को दर्शाती है। फिल्म की कहानी एक नायक और उसकी बछिया के बीच के अटूट रिश्ते को दिखाती है, जिसमें कोई स्वार्थ नहीं, सिर्फ प्यार है। आपको बता दें फ़िल्म मैं मुख्य भूमिका मैं मनोज जोशी, उपासना सिंह हैं। गोदान फिल्म 6 फरवरी 2026 को रिलीज होगी। यह फिल्म सिर्फ एक मनोरंजन फिल्म नहीं है, बल्कि यह भारतीय संस्कृति और गो संरक्षण का संदेश देती है।
गोदान फ़िल्म और गौमाता के महत्व को लेकर प्रचार प्रसार प्रभारी शांतनु शुक्ला के साथ न्यूज़ जर्नलिस्ट अंकित कुमार गोयल का एक्सक्लुसिव इंटरव्यू…
गोदान फ़िल्म की कहानी क्या है, और इसका मुख्य संदेश क्या है?
यह फिल्म ‘सुरभि’ नाम की एक गाय के इर्द-गिर्द घूमती है, जिसका प्रभाव एक आधुनिक वैज्ञानिक की मान्यताओं को बदल देता है। फिल्म में दिखाया गया है कि कैसे गाय की उपस्थिति पंचगव्य आधारित चिकित्सा, टिकाऊ जीवन और गौ-सेवा के पीछे के आध्यात्मिक विज्ञान को उजागर करती है। इसका उद्देश्य युवाओं को भारतीय मूल्यों, गौ-संरक्षण और पंचगव्य के लाभों से जोड़ना है। निर्माता इसे केवल एक कहानी नहीं, बल्कि सामाजिक उत्तरदायित्व का एक दस्तावेज मानते हैं।
आपके अनुसार, गोदान फ़िल्म में गाय के महत्व को कैसे दर्शाया गया है?
भारतीय संस्कृति में गौमाता के महत्व, उनके संरक्षण और पंचगव्य (गाय के दूध, दही, घी, गोबर, मूत्र) के वैज्ञानिक व आर्थिक लाभों के प्रति लोगों को जागरूक करना है। आर्थिक और सामाजिक प्रतिष्ठा,धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व,वैज्ञानिक और चिकित्सा दृष्टिकोण,ग्रामीण संस्कृति की धुरी।
यह फिल्म गो संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने में मदद करेगी?
यह फिल्म समाज को गो संरक्षण के लिए जागरूक करती हुई दिख रही है,जिसमें गौ-रक्षा और इसमें गोतस्करी के खिलाफ सामाजिक चेतना जगाने का संदेश दिया गया है।
गोदान फ़िल्म की शूटिंग कहाँ हुई और इसके पीछे क्या कारण थे?
उत्तराखंड की खूबसूरत वादियों, नोएडा, मथुरा (उत्तर प्रदेश) और मुंबई (महाराष्ट्र) के विभिन्न स्थानों पर की गई है।
फ़िल्म के रिलीज के बाद क्या उम्मीदें हैं और इसे कैसे प्रचारित किया जा रहा है?
आप देखेंगे कि जब फिल्म रिलीज होकर आएगी तो युवा वर्ग भारतीय मूल्यों को समझेगा, गौ संरक्षण और गौ माता के लाभों से जुड़ेगा और हर घर में आप आने वाले समय में गौ माता को देखेंगे। युवा वर्ग जैसे महाकुंभ से जुड़ा वैसे ही इस फिल्म के रिलीज होने के बाद भारतीय संस्कृति की धरोहर गौ माता से जुड़ेगा।
फ़िल्म के संगीत और गीतों के बारे में क्या कहेंगे?
इस फिल्म के गीत मशहूर गायक कैलाश खेर ,शान और अनन्या सिंह ने गाये हैं, जिसे सोशल मीडिया पर काफ़ी लोकप्रिय और पसंद किया जा रहा है ।
गोदान फ़िल्म के लिए क्या चुनौतियाँ थीं और उन्हें कैसे पार किया गया?
गोदान फिल्म की मुख्य चुनौती गौ माता से एक्टिंग करना था,लेकिन गौ माता की कृपा से यह बहुत सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
गोदान फ़िल्म का उद्देश्य क्या है और आप पाठकों को क्या सन्देश देना चाहते हैं?
उद्देश्य समाज में गौ-सेवा, गौ-संरक्षण (Cow Protection) और सनातन संस्कृति के महत्व को बढ़ावा देना है। यह फिल्म गाय के धार्मिक, वैज्ञानिक और सामाजिक पहलुओं को उजागर करती है, साथ ही मानव और गोवंश के अटूट रिश्ते व पंचगव्य की उपयोगिता के माध्यम से सकारात्मक संदेश देती है।


