हरियाणा सरकार वर्ष 2026 में बड़े पैमाने पर सरकारी भर्तियां करने जा रही है। इसकी तैयारी हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग ने शुरू कर दी है। आयोग की ओर से पुलिस भर्ती प्रक्रिया को अंतिम रूप दिया जा रहा है। इससे पहले ग्रुप डी के लिए सामान्य पात्रता परीक्षा (सीईटी) आयोजित करने की घोषणा की जा चुकी है। पिछली सीईटी में लगभग 13 लाख युवाओं ने हिस्सा लिया था। इस बार परीक्षा आयोजित होने पर करीब 15 लाख अभ्यर्थियों के शामिल होने की संभावना जताई जा रही है।
ग्रुप सी और डी के रिक्त पदों का ब्योरा तैयार
हरियाणा के मुख्य सचिव के निर्देश पर सभी विभागों ने ग्रुप सी और डी के खाली पदों तथा कार्यरत कर्मचारियों की रिपोर्ट आयोग को सौंप दी है। सरकार अब अधिकांश भर्तियां आयोग के माध्यम से कराने की दिशा में आगे बढ़ रही है, ताकि किसी प्रकार के विवाद से बचा जा सके।आयोग इस वर्ष का भर्ती कैलेंडर तैयार कर रहा है। आयोग के चेयरमैन हिम्मत सिंह ने संकेत दिया है कि निकट भविष्य में विभिन्न सरकारी पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
कानूनी विवाद से बचने की तैयारी
पूर्व में प्रदेश में हुई कई भर्तियां कानूनी विवादों में फंस गई थीं और पूरी नहीं हो सकीं। इस विषय पर मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने विधानसभा में विस्तृत जानकारी भी दी थी। अब आयोग ने ऐसी व्यवस्था बनाई है जिससे भर्तियां कानूनी पचड़े में न फंसें। चेयरमैन हिम्मत सिंह के कार्यकाल में अब तक कोई भर्ती कानूनी विवाद में नहीं उलझी है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स के माध्यम से जानकारी दी कि आगामी भर्तियों के लिए विभिन्न विभागों से आवेदन मांगे जाएंगे।
युवाओं के सुझाव के लिए गूगल फॉर्म
आयोग ने अभ्यर्थियों के सुझाव लेने के लिए नई व्यवस्था लागू की है। भर्ती विज्ञापन जारी होते ही अभ्यर्थी गूगल शीट के माध्यम से अपने सुझाव दे सकेंगे। भर्ती प्रक्रिया शुरू होने से पहले इन सुझावों पर विचार कर निर्णय लिया जाएगा। इसके लिए एक गूगल फॉर्म भी जारी किया गया है।चेयरमैन ने कहा कि कुछ अभ्यर्थियों द्वारा अदालत में जाने से हजारों युवाओं का नुकसान होता है और आयोग व सरकार को भी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने ऐसे तत्वों को भर्ती रोको गैंग की संज्ञा दी है और कहा है कि इस प्रवृत्ति पर रोक लगाने के लिए ठोस योजना जरूरी है।