ब्रिस्बेन (ऑस्ट्रेलिया) में विश्व हिन्दी परिषद ऑस्ट्रेलिया के तत्वावधान में ब्रिज्बेन के होटल इंपोरियम में प्रथम अंतर्राष्ट्रीय चौपाल का सफल आयोजन किया गया। कार्यक्रम का संचालन करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीमती मधु खन्ना ने कहा कि अपनी सरलता, स्पष्टता और मधुरता के कारण हिन्दी भाषा सर्वश्रेष्ठ है।
कार्यक्रम का शुभारंभ हर्षिता सोम द्वारा “Acknowledgement of Traditional Owner and Country” से किया गया।इस आयोजन में ऑस्ट्रेलिया के विभिन्न प्रांतों सहित अनेक देशों के हिन्दी विद्वानों को आमंत्रित किया गया था। न्यूज़ीलैंड, जर्मनी, इंग्लैंड, अमेरिका, जापान और भारत के प्रतिभागी, साथ ही सिडनी, पर्थ और मेलबर्न से भी लोग ज़ूम के माध्यम से जुड़े, जबकि क्वींसलैंड के 22 निवासी स्वयं उपस्थित हुए।
कार्यक्रम के दौरान श्रीमती अर्चना गोयल की स्वरचित पुस्तिका “अस्तित्व: संघर्ष में जीत” का विमोचन भी किया गया। भारत के कॉन्सुलेट जनरल (ACT) द्वारा उपस्थित हिन्दी प्रेमियों को पुरस्कृत किया गया। कार्यक्रम की शोभा उस समय और बढ़ गई जब यह देखा गया कि इस आयोजन का विज्ञापन एक प्रमुख सड़क पर दो दिनों से प्रदर्शित हो रहा था।
