समुद्र के भीतर ज्वालामुखी विस्फोट के बाद प्रशांत महासागर के आसपास सुनामी का खतरा रविवार को कम होना शुरू हो गया, लेकिन छोटे से द्वीपीय राष्ट्र टोंगा के ऊपर बड़े पैमाने पर राख के बादल छा गए। टोंगा में हुए नुकसान का आकलन करने के लिए न्यूजीलैंड से निगरानी उड़ानें भी नहीं भेजी जा सकीं।
High-resolution Himawari satellite imagery of the #HungaTongaHungaHaapai volcanic eruption in Tonga 🌋
Our climate stations recorded a brief spike in air pressure as the atmospheric shock wave pulsed across New Zealand. pic.twitter.com/BfLzdq6i57
— NIWA Weather (@NiwaWeather) January 15, 2022
उपग्रह की तस्वीरों में शनिवार शाम को हुए भीषण विस्फोट के बाद प्रशांत महासागर के ऊपर राख, भाप और गैस की मोटी परत दिख रही थी। विस्फोट की आवाज अलास्का जितनी दूर तक सुनी जा सकती थी। टोंगा में समुद्र की भयानक लहरें तटों तक पहुंचने लगीं और लोग जान बचाने के लिए जल्दबाजी में ऊंचे स्थानों पर जाने लगे।
This family were in church. They’d just finish having choir practice and the tsunami hit 😩❤️🇹🇴 pic.twitter.com/DLLFRJ9BAc
— NONEH (@JohnnyTeisi) January 15, 2022
ज्वालामुखी विस्फोट से टोंगा में इंटरनेट पूरी तरह ठप हो गया, जिससे दुनिया भर में लोग वहां अपने परिजनों, दोस्तों की खैरियत जानने के लिए बैचेन होने लगे। सरकार की वेबसाइट और अन्य माध्यमों पर भी रविवार दोपहर तक कोई अद्यतन जानकारी नहीं दी गई है। न्यूजीलैंड की प्रधानमंत्री जेसिंडा आर्डर्न ने कहा कि टोंगा में अभी तक किसी के घायल होने या मरने की कोई आधिकारिक रिपोर्ट नहीं है। साथ ही कहा कि अधिकारियों का अभी तक कुछ तटीय क्षेत्रों और छोटे द्वीपों से संपर्क नहीं हो पाया है। आर्डर्न ने कहा, “टोंगा के साथ संचार संपर्क बहुत सीमित है. मैं जानती हूं कि यहां टोंगा के लोग काफी चिंतित हैं।”