नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज राष्ट्रपति के अभिभाषण पर लाए गए धन्यवाद प्रस्ताव पर राज्यसभा में अपनी बात रख रहे हैं। अपने संबोधन की शुरुआत में पीएम मोदी ने राष्ट्रपति के अभिभाषण की तारीफ की। पीएम मोदी ने कहा ‘संविधान की यात्रा के इस महत्वपूर्ण पड़ाव पर राष्ट्रपति जी के भाषण का एक एतिहासिक महत्व भी रहता है।
उन्होंने अपने भाषण में भारत के उज्ज्वल भविष्य के प्रति विश्वास को प्रकट किया है और भारत के कोटि-कोटि जनों का जो सामर्थ्य है, उसे भी बहुत कम शब्दों और बहुत शानदार तरीके से सदन में प्रस्तुत किया है। मैं राष्ट्रपति जी के इस प्रेरक उद्भोदन के लिए और राष्ट्र को दिशा देने के लिए उन्हें धन्यवाद देता हूं।’
आप मेरी आवाज दबा नहीं सकते
प्रधानमंत्री ने कहा ‘आज भी आप न सुनने की तैयारी के साथ आए हैं। लेकिन मेरी आवाज को आप दबा नहीं सकेंगे। देश की जनता ने इस आवाज को ताकत दी हुई है। देश की जनता के आशीर्वाद से आवाज निकल रही है। इसलिए इस बार मैं भी पूरी तैयारी से आया हूं। मैंने सोचा था उस वक्त कि अगर आप जैसे व्यक्ति सदन में आए हैं, तो मर्यादाओं का पालन करेंगे। लेकिन तब आपने क्या जुर्म किया था उस वक्त।’
उन्होंने कहा ‘मैंने भी तब प्रार्थना की थी। की क्या थी मैं तो करता ही रहता हूं। पश्चिम बंगाल से एक आवाज आई थी कि कांग्रेस 40 पार नहीं कर पाएगी। मैं प्रार्थना करता हूं कि आप 40 बचा पाएं।’
प्रधानमंत्री ने कहा ‘मैंने सुना है लोकतंत्र में आपका कहने का अधिकार है और हमारी सुनने की जिम्मेदारी है। आज जो भी बातें हुई हैं, उसे मुझे देश के सामने रखना चाहिए। जब मैं सुनता हूं तब मेरा विश्वास पक्का हो गया कि यह पार्टी (कांग्रेस) सोच से भी आउटडेटेड हो गई है।
जब सोच आउटडेटेड हो गई है, तो उनका काम भी आउटडेटेड हो गया है। देखते ही देखते इतने दशकों तक देश पर राज करने वाला दल, इतना बड़ा दल, उसका यह हाल हो गया। हमें खुशी नहीं हो रही, हमें संवेदना है। लेकिन डॉक्टर क्या करेगा, जब मरीज ऐसा हो तो।’
कांग्रेस ने सत्ता के लालच में लोकतंत्र का गला घोंटा
पीएम मोदी ने कहा ‘जिस कांग्रेस ने सत्ता के लालच में सरेआम लोकतंत्र का गला घोंट दिया था। जिस कांग्रेस ने दर्जनों बार लोकातांत्रिक तरीकों से चुनकर आई सरकारों को रातों रात भंग कर दिया। बर्खास्त कर दिया। जिस कांग्रेस ने देश के संविधान-लोकतंत्र की मर्यादाओं को जेल के पीछे बंद कर दिया था।
जिस कांग्रेस ने अखबारों पर ताले लगाने की कोशिश की। जिस कांग्रेस ने देश को तोड़ने का नया नैरेटिव गढ़ने का काम किया है। जो उत्तर-दक्षिण को तोड़ने की बात कह रही है। वह हमें फेडरलिज्म पर प्रवचन दे रही है। जिस कांग्रेस की अपने नेता की कोई गारंटी नहीं, अपनी नीति की कोई गारंटी नहीं, वो मोदी की गारंटी पर सवाल उठा रहे हैं। हम ऐसा क्यों कहते हैं हम ऐसा क्यों देख रहे हैं।
देश उनके 10 साल के कार्यकाल से क्यों नाराज था। इतना गुस्सा देश को क्यों आया। ये सब हमारे कहने से नहीं हुआ है। ये खुद के उनके कर्म हैं। जब लोगों ने उन्हें बहुत कुछ कहा हो तो मैं कुछ कहने की क्या जरूरत है।’
लोकसभा में भी विपक्ष पर जमकर बरसे थे पीएम मोदी
प्रधानमंत्री ने सोमवार को धन्यवाद प्रस्ताव पर लोकसभा में जवाब दिया था, जिसमें पीएम मोदी ने कांग्रेस और विपक्ष पर जमकर हमला बोला था। प्रधानमंत्री ने कहा था कि विपक्ष अब चुनाव लड़ने का हौसला भी खो चुका है। प्रधानमंत्री ने दावा किया कि अगले लोकसभा चुनाव में भाजपा 370 और एनडीए 400 सीटों पर चुनाव जीतेगी।