देश की स्वर साम्राज्ञी लता मंगेशकर बीते दिन पंच तत्व में विलीन हो गईं। उनके जाने से ना सिर्फ उनके परिवार बल्कि पुरे देश में शोक की लहर दौड़ गई है। उन्हें राजकीय सम्मान के साथ देश ने अलविदा कहा। इसी बीच लता जी की नर्स ने उनकी तबियत को लेकर जानकारी दी है। नर्स ने उनके अंतिम पलों के बारे में मीडिया से बात की।
अंतिम वक़्त में लता जी की देखभाल करने वाली नर्स सारिका देवानंद भीसे ने बताया कि रविवार को अंतिम सांस लेने से पहले उनके दो दिन काफी तकलीफदेह थे। भीसे ने कहा, ‘जब लता दीदी ने आखिरी सांस ली, तब मैं उनके साथ थी।’ आगे नर्स ने कहा कि ‘दीदी ने हमेशा खुद से पहले हमारे बारे में सोचा। हम उनसे बहुत प्यार करते थे और उन्हें बहुत याद कर रहे हैं।’
सारिका ने कहा, ‘जब वह वेंटिलेटर पर थीं, तब भी हमें पहचान रही थीं। जब हमने मजाक किया तो वह जवाब दे रही थीं। लेकिन आखिरी दो-तीन दिन वह बहुत चुप हो गई थीं। उनके आखरी दो दिन भयानक थे। कोविड-19 और न्यूमोनिया के कारण उनके फेफड़ों में समस्या थी। वह उससे उबर गई थीं लेकिन उन्हें फिर से वायरल इंफेक्शन हो गया और फेफड़ों पर न्यूमोनिया के पैच फिर उभर आए। उनकी ऑक्सीजन सैचुरेशन कम हो गई और फिर से उन्हें वेंटिलेटर पर रखना पड़ा।’