चंडीगढ़। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के निर्देशों पर शुरू किए गए ड्रग्स विरोधी अभियान ‘युद्ध नशा विरुद्ध’ को 10 महीने पूरे हो चुके हैं। इस दौरान पंजाब पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 1 मार्च 2025 से अब तक कुल 29,351 एफआईआर दर्ज की हैं और 42,622 ड्रग तस्करों को गिरफ्तार किया है। अभियान के तहत पुलिस ने अब तक 1,849 किलोग्राम हेरोइन बरामद की है।
डीजीपी गौरव यादव के निर्देशों के अनुसार, इस एंटी-ड्रग अभियान के तहत राज्य के सभी 28 पुलिस जिलों में रोजाना एक साथ विशेष ऑपरेशन चलाए जा रहे हैं। मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने पुलिस कमिश्नरों, डिप्टी कमिश्नरों और सीनियर सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस को पंजाब को नशामुक्त राज्य बनाने के स्पष्ट निर्देश दिए हैं।
ड्रग्स के खिलाफ इस मुहिम की निगरानी के लिए पंजाब सरकार ने वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा की अध्यक्षता में पांच सदस्यीय कैबिनेट सब-कमेटी का गठन भी किया है। हेरोइन के अलावा पुलिस ने अब तक 599 किलोग्राम अफीम, 272 क्विंटल पोस्ता के छिलके, 51 किलोग्राम चरस, 624 किलोग्राम गांजा, 28 किलोग्राम आईसीई, करीब 46 लाख नशीली गोलियां/टैबलेट और 15.26 करोड़ रुपये की ड्रग मनी जब्त की है।
अभियान के 306वें दिन पंजाब पुलिस ने 49 ड्रग तस्करों को गिरफ्तार किया। इनके कब्जे से 468 ग्राम हेरोइन, 202 नशीली गोलियां और 2,500 रुपये की ड्रग मनी बरामद की गई। इस दौरान 61 राजपत्रित अधिकारियों की निगरानी में 700 से अधिक पुलिसकर्मियों की 100 से ज्यादा टीमों ने राज्यभर में 257 स्थानों पर छापेमारी की, जिसके परिणामस्वरूप 38 नई एफआईआर दर्ज की गईं। ऑपरेशन के दौरान 271 संदिग्ध व्यक्तियों की जांच भी की गई।
पंजाब सरकार ने नशे के खिलाफ लड़ाई के लिए तीन-स्तरीय रणनीति—प्रवर्तन, नशामुक्ति और रोकथाम को लागू किया है। ‘नशामुक्ति’ अभियान के तहत पुलिस ने अब तक 21 लोगों को नशामुक्ति और पुनर्वास उपचार के लिए प्रेरित किया है।