यूपी के ललितपुर में पुलिस ने ऐसा घिनौना कांड किया है। जिससे एक बार फिर पूरी यूपी पुलिस शर्मसार हो रही है। थाने में नाबालिग के साथ दुष्कर्म हुआ है। इस पर पुलिस महकमे ने कड़ा एक्शन लिया है। लेकिन इस घटना ने यूपी पुलिस के रिकॉर्ड पर एक और काला धब्बा लगा दिया। दरअसल, ललितपुर के पाली की एक नाबालिग लड़की रेप का शिकार हुई थी। अपने साथ हुए जुल्म की शिकायत करने जब वो थानेदार के पास पहुंची तो आरोप है कि थानेदार ने उसके साथ रेप किया।
क्या है मामला?
जबकि इससे पहले नाबालिग को मोहल्ले के ही तीन लड़के 22 अप्रैल को बहला फुसलाकर भोपाल ले गए थे। वहां नाबालिग का बलात्कार किया गया और बाद में लड़की को घर छोड़ दिया गया। जब पीड़ित लड़की अपनी मौसी के साथ रेप की शिकायत लिखवाने थाने गई तो वहां 28 अप्रैल की रात थाना प्रभारी तिलकदारी सरोज ने थाना परिसर के ही एक कमरे में उसके साथ रेप किया। नाबालिग के साथ जघन्य वारदात की ये बात चाइल्ड लाइन तक भी पहुंची। जिसके बाद जिले के एसपी को शिकायत हुई और फिर थानेदार को निलम्बित कर मामला दर्ज करवाया गया। जबकि थाने में घटना के वक्त तैनात सभी पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर कर दिया गया।
छह आरोपी भी गिरफ्तार
प्रयागराज में हाईकोर्ट के नजदीक से थानेदार को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इस मामले में मुख्य आरोपी थानेदार समेत कुल छह लोगों को आरोपी बनाया गया। सभी छह आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है। जिसमें नाबालिग लड़की की मौसी और उसका बेटा भी शामिल है। इस मामले को लेकर अब राजनीति भी होने लगी है। उत्तर प्रदेश में नेता प्रतिपक्ष अखिलेश यादव ने ललितपुर जाकर पीड़ित परिवार से मुलाकात की। मुलाकात के बाद अखिलेश यादव ने कहा, ”उसकी मां न्याय और सुरक्षा चाहती है। यह घटना पुलिस थाने में हुई जहां वह न्याय मांगने गई थी। यह पहली बार नहीं है, चंदौली और हाथरस की घटनाएं आपके सामने हैं।”
अखिलेश का बीजेपी पर हमला
इसके साथ ही अखिलेश यादव ने बीजेपी सरकार पर भी हमला बोला। उन्होंने कहा कि इसके लिए बीजेपी सरकार जिम्मेदार है। सीएम के घर की दीवारें लोगों की समस्याएं नहीं सुन पा रही हैं। हम सख्त कार्रवाई चाहते हैं और इसमें शामिल लोगों को जेल जाना चाहिए। यूपी में सबसे ज्यादा फर्जी मुठभेड़ और हिरासत में मौतें दर्ज की गईं। पुलिस थाने अफरातफरी का केंद्र बन गए हैं। रेप की शिकार हुई पीड़िता के पिता ने बताया कि थानेदार ने उल्टा उनके ही परिवार को मारा-पीटा और मुकदमा भी दर्ज किया। पीड़ित परिवार बहुत गरीब है और न्याय की आस लगाए बैठा है। फिलहाल पाली के इस मोहल्ले में पुलिस का पहरा है।