दुनियाभर के कई देशों में हाल के समय में भूकंप ने भारी तबाही मचाई है। म्यांमार, तुर्की और अफगानिस्तान जैसे देशों में भूकंप से हजारों लोगों की जान जा चुकी है। इसी कड़ी में अब जापान में भी सोमवार को शक्तिशाली भूकंप आया, जिसने लोगों में दहशत फैला दी।
3 मीटर तक की सुनामी अलर्ट जारी
एपी की रिपोर्ट के अनुसार, जापान मौसम विज्ञान एजेंसी ने बताया कि आओमोरी और होक्काइडो के तट पर आए तेज झटकों की तीव्रता रिक्टर पैमाने पर 7.2 मापी गई। भूकंप के तुरंत बाद एजेंसी ने 3 मीटर (10 फीट) तक ऊँची सुनामी की चेतावनी जारी कर दी।
दो बार हिले धरती के झटके
नेशनल सेंटर ऑफ सिस्मोलॉजी के अनुसार, सोमवार शाम 7:45 बजे उत्तरी प्रशांत महासागर में 7.5 तीव्रता का भूकंप दर्ज किया गया, जिसका केंद्र 60 किलोमीटर की गहराई पर था। इसके बाद रात 8:03 बजे उसी क्षेत्र में 6.0 तीव्रता का एक और भूकंप आया, जिसका केंद्र भी 60 किलोमीटर गहरा था।
क्यों आते हैं भूकंप?
धरती की सतह के नीचे सात मुख्य टेक्टोनिक प्लेट्स लगातार गतिशील रहती हैं। इनके खिसकने या आपस में टकराने से फॉल्ट लाइन पर घर्षण पैदा होता है। यही घर्षण ऊर्जा के रूप में बाहर निकलकर भूकंप का कारण बनता है। इसलिए दुनिया के कई क्षेत्रों में ऐसी गतिविधियां अक्सर देखने को मिलती हैं। यदि चाहें तो मैं इसे और संक्षिप्त, पत्रकारिता शैली या सोशल मीडिया पोस्ट फॉर्मेट में भी तैयार कर सकता हूँ।