रावलकोट (PoK): पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (PoK) के रावलकोट में जारी विरोध प्रदर्शन हिंसक हो गया है। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि उनकी मांगों को लेकर चल रहे आंदोलन के दौरान पाकिस्तानी सुरक्षा बलों ने भीड़ पर गोलीबारी की। विभिन्न मीडिया रिपोर्ट्स और स्थानीय सूत्रों के हवाले से दावा किया जा रहा है कि इस घटना में कई लोगों की मौत हुई है, जबकि बड़ी संख्या में लोग घायल हुए हैं। हालांकि, मृतकों की संख्या की आधिकारिक पुष्टि अब तक नहीं हो सकी है।
स्थानीय सूत्रों के अनुसार, मृतकों के नामों की एक सूची भी सामने आई है, लेकिन इसकी स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो पाई है। घटनास्थल से सामने आए वीडियो और तस्वीरों की भी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है।
इंटरनेट सेवाएं प्रभावित होने का दावा
कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में यह भी कहा गया है कि हिंसा के बाद पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर के कई इलाकों में इंटरनेट सेवाओं पर रोक लगा दी गई है। हालांकि, इस संबंध में पाकिस्तान प्रशासन की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
52 दिनों से जारी है आंदोलन
रिपोर्ट्स के मुताबिक, पिछले करीब 52 दिनों से क्षेत्र में विरोध प्रदर्शन जारी है। आंदोलन के कारण कई बाजार, व्यापारिक प्रतिष्ठान और सार्वजनिक परिवहन सेवाएं प्रभावित हुई हैं। प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच समय-समय पर तनाव की स्थिति भी बनी रही है।
प्रदर्शनकारियों की प्रमुख मांगों में स्थानीय विधानसभा में आरक्षित सीटों की व्यवस्था समाप्त करना, स्थानीय लोगों को अधिक राजनीतिक प्रतिनिधित्व देना, आंदोलन के दौरान गिरफ्तार नेताओं और कार्यकर्ताओं की रिहाई, पारदर्शी प्रशासन तथा बिजली और अन्य आर्थिक समस्याओं का समाधान शामिल बताया जा रहा है।
मुजफ्फराबाद मार्च से पहले बढ़ा तनाव
जानकारी के अनुसार, संयुक्त अवामी एक्शन कमेटी (JAAC) ने प्रशासन को अपनी मांगों पर निर्णय लेने के लिए निर्धारित समय तक का अल्टीमेटम दिया था। संगठन ने चेतावनी दी थी कि मांगें नहीं माने जाने की स्थिति में रावलकोट से मुजफ्फराबाद तक बड़ा मार्च निकाला जाएगा।
रिपोर्ट्स के मुताबिक, तय समय तक कोई समाधान नहीं निकलने के बाद बड़ी संख्या में लोग सड़कों पर उतर आए। इसी दौरान हालात बिगड़ गए और गोलीबारी की घटनाओं के दावे सामने आए। फिलहाल पूरे मामले को लेकर स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है और आधिकारिक स्तर पर विस्तृत जानकारी का इंतजार किया जा रहा है।