रांची: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने मंगलवार को रांची स्थित अपने आवासीय कार्यालय में राष्ट्रीय रक्षा महाविद्यालय (NDC) के 17 सदस्यीय उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने राज्य की प्रगति, आर्थिक योगदान और जन-कल्याणकारी योजनाओं पर विस्तार से चर्चा की।
प्रतिनिधिमंडल में भारत सहित पांच अन्य देशों के सैन्य अधिकारी और वरिष्ठ पदाधिकारी शामिल थे। मुख्यमंत्री ने प्रतिनिधिमंडल को संबोधित करते हुए कहा कि देश की अर्थव्यवस्था में झारखंड का योगदान अतुलनीय है। उन्होंने विशेष रूप से तीन प्रमुख क्षेत्रों पर जोर दिया
- राजस्व स्रोत: भारतीय रेलवे को सबसे अधिक राजस्व झारखंड से प्राप्त होता है।
- खनिज संपदा: देश की खनिज आवश्यकताओं की पूर्ति और संसाधनों का परिवहन मुख्य रूप से इस राज्य से होता है।
- औद्योगिक इतिहास: झारखंड का औद्योगिक इतिहास दशकों पुराना है और अब इसे वैश्विक मंचों जैसे ‘विश्व आर्थिक मंच’ (WEF) तक ले जाया जा रहा है।
प्रतिनिधिमंडल ने राज्य सरकार की मुख्यमंत्री मंइयां सम्मान योजना की सराहना की। मुख्यमंत्री ने बताया कि लगभग 53 लाख महिलाओं को हर महीने 2,500 रुपये सीधे उनके बैंक खातों में भेजे जा रहे हैं।सैन्य अधिकारियों ने आंगनबाड़ी केंद्रों में बच्चों को सप्ताह में छह दिन अंडा और पौष्टिक भोजन देने की पहल को भविष्य के लिए एक बेहतरीन निवेश बताया। इसके अलावा, मुख्यमंत्री ने गुरुजी क्रेडिट कार्ड योजना की जानकारी दी, जिसके तहत छात्रों को बिना किसी गारंटी के 15 लाख रुपये तक का ऋण प्रदान किया जा रहा है, ताकि गरीबी किसी भी बच्चे की उच्च शिक्षा में बाधा न बने।