अयोध्या। हनुमान अंश की निर्माता अनुप्रिया नागर ने आज अयोध्या पहुंचकर संत शिरोमणि महंत नृत्य गोपाल दास जी महाराज, अध्यक्ष—श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट एवं श्रीकृष्ण जन्मभूमि न्यास से जुड़े प्रमुख संत, से भेंट कर उनका आशीर्वाद लिया। महाराज जी से मुलाकात के बाद अनुप्रिया भावुक नजर आईं और उन्होंने इस मुलाकात को अपने जीवन का अत्यंत विशेष क्षण बताया।
अनुप्रिया नागर ने कहा, “आज मेरे लिए बहुत बड़े सौभाग्य की बात है कि मुझे पूज्य महंत नृत्य गोपाल दास जी महाराज का आशीर्वाद प्राप्त करने का अवसर मिला। उनसे मिलकर ऐसा लगा जैसे साक्षात हनुमान स्वरूप के दर्शन हुए हों। उनके सामने बैठकर मुझे एक ऐसी आध्यात्मिक शक्ति का एहसास हुआ, जिसे शब्दों में व्यक्त करना कठिन है।”
उन्होंने कहा कि महंत नृत्य गोपाल दास जी महाराज का जीवन अयोध्या की संत परंपरा और श्रीराम भक्ति से गहराई से जुड़ा रहा है।
“आज हम जिस विशाल और भव्य राम मंदिर को देख रहे हैं, उसके पीछे दशकों की साधना, संघर्ष और संत समाज का संकल्प है। पूज्य महाराज जी का राम जन्मभूमि से जुड़े प्रयासों में अग्रणी योगदान रहा है। ऐसे संत का आशीर्वाद प्राप्त करना मेरे लिए केवल व्यक्तिगत सौभाग्य नहीं, बल्कि मेरी पूरी यात्रा के लिए एक बड़ी प्रेरणा है।”
अनुप्रिया ने कहा कि हनुमान अंश के माध्यम से भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा को समझने और उसे व्यापक स्तर पर पहुंचाने की उनकी यात्रा में संतों का आशीर्वाद विशेष महत्व रखता है।
“हनुमान जी मेरे लिए भक्ति, सेवा, समर्पण और शक्ति के प्रतीक हैं। इसलिए महाराज जी के दर्शन करते हुए मेरे मन में स्वाभाविक रूप से यही भाव आया कि जैसे हनुमान स्वरूप संत का आशीर्वाद प्राप्त हो रहा है। आज मुझे अपने भीतर एक अजीब सी सकारात्मक शक्ति और नई ऊर्जा का एहसास हो रहा है।”
“शांतनु शुक्ल मेरे लिए बड़े भाई ही नहीं, एक मजबूत स्तंभ हैं”
इस अवसर पर अनुप्रिया नागर ने अपनी यात्रा में निरंतर सहयोग और मार्गदर्शन देने वाले वरिष्ठ पत्रकार एवं मीडिया रणनीतिकार शांतनु शुक्ल के प्रति भी विशेष आभार व्यक्त किया।
शांतनु शुक्ल आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी कैलाशानंद गिरि जी महाराज के अंतरराष्ट्रीय मीडिया प्रभारी के रूप में अपनी जिम्मेदारी निभा रहे हैं।
अनुप्रिया ने कहा, “मैं अपने बड़े भाई शांतनु शुक्ल जी का हृदय से आभार व्यक्त करती हूं। वह मेरी इस पूरी यात्रा में हमेशा एक मजबूत स्तंभ की तरह मेरे साथ खड़े रहे हैं। उन्होंने मुझे केवल एक निर्माता के रूप में नहीं, बल्कि अपनी छोटी बहन की तरह मार्गदर्शन और प्रोत्साहन दिया है।”
उन्होंने कहा, “जब भी मुझे किसी मोड़ पर मार्गदर्शन या सहयोग की जरूरत पड़ी, शांतनु भैया ने मेरा साथ दिया। आज अयोध्या में पूज्य महाराज जी का आशीर्वाद लेते हुए मैं उनके प्रति भी अपनी कृतज्ञता व्यक्त करना चाहती हूं।”
अनुप्रिया नागर ने कहा कि हनुमान अंश के माध्यम से भारतीय संस्कृति, आध्यात्मिक विरासत और सनातन विचार को व्यापक दर्शकों तक पहुंचाने की उनकी यात्रा आगे भी जारी रहेगी।
“आज अयोध्या में मुझे जो आशीर्वाद मिला है, वह मेरे लिए एक नई ऊर्जा और नई जिम्मेदारी लेकर आया है। मेरी प्रार्थना है कि प्रभु श्रीराम और हनुमान जी की कृपा से मैं भारतीय संस्कृति और सनातन की इस यात्रा को पूरी निष्ठा के साथ आगे बढ़ाती रहूं।”
