साल 2010 में डॉ. चन्द्रसेन वर्मा ने एक छोटे से सपने के साथ “आज की खबर” की शुरुआत की। उस समय डिजिटल पत्रकारिता अपने शुरुआती दौर में थी और केवल 5 लोगों की एक छोटी-सी टीम के साथ शुरू हुआ यह सफर आज लाखों लोगों के विश्वास का प्रतीक बन चुका है। सीमित संसाधनों, आर्थिक चुनौतियों और कठिन परिस्थितियों के बावजूद टीम ने कभी हार नहीं मानी। हर चुनौती का डटकर सामना करते हुए “आज की खबर” ने सत्य, निष्पक्षता और तेज़ पत्रकारिता को अपना मूल उद्देश्य बनाया।
डिजिटल माध्यम को समय रहते अपनाने का परिणाम यह रहा कि “आज की खबर” ने लगातार लोगों का भरोसा जीता। वर्ष 2019 में YouTube का सिल्वर प्ले बटन और वर्ष 2024 में गोल्ड प्ले बटन प्राप्त होना केवल उपलब्धियाँ नहीं थीं, बल्कि दर्शकों के अटूट विश्वास और वर्षों की मेहनत का सम्मान था।15 जनवरी 2026 को “आज की खबर” ने एक और ऐतिहासिक कदम बढ़ाते हुए अपना न्यूज़ चैनल शुरू किया। डिजिटल से टेलीविजन तक का यह सफर इस बात का प्रमाण है कि यदि लक्ष्य स्पष्ट हो, नीयत ईमानदार हो और मेहनत निरंतर हो, तो सफलता निश्चित है।
आज “आज की खबर” केवल एक समाचार मंच नहीं, बल्कि 11 लाख से अधिक लोगों का परिवार बन चुका है। इस यात्रा में कई साथी जुड़े, कई आगे बढ़ गए, लेकिन जिन्होंने हर परिस्थिति में साथ निभाया, उनका समर्पण आज भी हमारी सबसे बड़ी ताकत है। इन 16 वर्षों ने हमें सिर्फ सफलता नहीं दी, बल्कि हर चुनौती से लड़ना, हर गलती से सीखना और हर उपलब्धि को विनम्रता के साथ स्वीकार करना भी सिखाया।
हमारा अगला लक्ष्य YouTube का डायमंड प्ले बटन है। हमें विश्वास है कि जिस तरह आपने पिछले 16 वर्षों में हमारा साथ दिया है, उसी तरह आगे भी आपका भरोसा हमारी सबसे बड़ी शक्ति बना रहेगा। “आज की खबर” भविष्य में भी निष्पक्ष, विश्वसनीय और जिम्मेदार पत्रकारिता के माध्यम से समाज की आवाज़ बनकर हर सच को आपके सामने लाने के अपने संकल्प पर अडिग रहेगा।
“आज की खबर” सिर्फ खबर नहीं, बल्कि आपके विश्वास की आवाज़ है। 16 वर्षों के इस अटूट साथ, प्रेम और विश्वास के लिए हम सभी दर्शकों का हृदय से आभार व्यक्त करते हैं।