इस्लामाबाद| सिंधु जल संधि को लेकर भारत और पाकिस्तान के बीच जारी तनाव के बीच पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने भारत को लेकर बड़ा बयान दिया है। पाकिस्तान के स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर दिए गए अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि सिंधु नदी का पानी पाकिस्तान के लिए “रेड लाइन” है और यदि इस मुद्दे पर कोई कदम उठाया गया तो उसका जवाब दिया जाएगा। एक सरकारी कार्यक्रम को संबोधित करते हुए शहबाज शरीफ ने कहा कि पाकिस्तान क्षेत्र में शांति और स्थिरता का पक्षधर है, लेकिन देश की संप्रभुता और सुरक्षा से जुड़े किसी भी मुद्दे पर समझौता नहीं करेगा। उन्होंने कहा कि पाकिस्तान की शांति की इच्छा को उसकी कमजोरी नहीं समझा जाना चाहिए।
पानी के मुद्दे पर भारत को चेतावनी
अपने संबोधन में शहबाज शरीफ ने सिंधु जल संधि का उल्लेख करते हुए कहा कि पानी का मुद्दा पाकिस्तान के लिए बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने कहा कि सिंधु नदी के पानी की “हर बूंद” पाकिस्तान के लिए महत्वपूर्ण है और इस विषय पर किसी भी चुनौती का जवाब दिया जाएगा। इसके साथ ही उन्होंने मई 2025 में भारत और पाकिस्तान के बीच हुए सैन्य तनाव का भी जिक्र किया। उनका कहना था कि यदि भविष्य में पाकिस्तान की सुरक्षा या संप्रभुता को चुनौती मिली, तो उसका जवाब पहले से अधिक सख्ती के साथ दिया जाएगा।
भारत ने क्यों स्थगित की थी संधि?
भारत ने अप्रैल 2025 में पाकिस्तान के साथ लागू सिंधु जल संधि को स्थगित करने का निर्णय लिया था। यह फैसला जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद लिया गया था। उस हमले में 26 लोगों की जान गई थी। भारत ने हमले के लिए पाकिस्तान से जुड़े आतंकी नेटवर्क को जिम्मेदार ठहराया था। इसके बाद भारत ने पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर (पीओके) में आतंकवादी ठिकानों के खिलाफ सैन्य कार्रवाई की थी। इस घटनाक्रम के बाद दोनों देशों के बीच कई दिनों तक सैन्य तनाव बना रहा था। फिलहाल सिंधु जल संधि और सीमा से जुड़े मुद्दों को लेकर भारत और पाकिस्तान के बीच बयानबाजी का दौर जारी है। दोनों देशों के संबंध पहले से ही कई संवेदनशील मुद्दों को लेकर तनावपूर्ण बने हुए हैं।