बुलंदशहर: उत्तर प्रदेश के पूर्व मंत्री और भारतीय जनता पार्टी (BJP) के शिकारपुर विधायक अनिल शर्मा का बुधवार को निधन हो गया। वह 63 वर्ष के थे और दिल्ली के एक अस्पताल में कैंसर का इलाज करा रहे थे। उनके निधन की खबर से बुलंदशहर समेत पूरे क्षेत्र में शोक की लहर है। भाजपा कार्यकर्ताओं, समर्थकों और स्थानीय लोगों ने उनके निधन पर गहरा दुख जताया है।
CM योगी ने बेटे से फोन पर की बात
अनिल शर्मा के निधन की जानकारी मिलते ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उनके बेटे से फोन पर बातचीत कर शोक संवेदना व्यक्त की। मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया के माध्यम से भी दिवंगत विधायक को श्रद्धांजलि अर्पित की। सीएम योगी ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार के पूर्व राज्य मंत्री और बुलंदशहर के शिकारपुर विधानसभा क्षेत्र से विधायक अनिल शर्मा का निधन अत्यंत दुखद है। उन्होंने प्रभु श्रीराम से दिवंगत पुण्यात्मा को अपने श्रीचरणों में स्थान देने और शोकाकुल परिजनों को इस अपार दुख को सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की।
ग्राम प्रधान से शुरू हुआ था राजनीतिक सफर
अनिल शर्मा बुलंदशहर जिले के शिकारपुर क्षेत्र स्थित अपने पैतृक गांव सुरजावली के रहने वाले थे। उन्होंने अपने राजनीतिक सफर की शुरुआत ग्राम प्रधान के रूप में की थी। वर्ष 1989 में वह निर्विरोध ग्राम प्रधान चुने गए और इसके बाद लगातार दूसरी बार भी इस पद पर रहे। इसके बाद उन्होंने सक्रिय राजनीति में कदम रखा और वर्ष 2002 में बहुजन समाज पार्टी (BSP) के टिकट पर खुर्जा विधानसभा सीट से पहली बार विधायक चुने गए। वर्ष 2007 में उन्होंने खुर्जा से लगातार दूसरी बार जीत दर्ज की। वर्ष 2012 में उन्होंने BSP के टिकट पर शिकारपुर विधानसभा सीट से चुनाव लड़ा, लेकिन समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी मुकेश शर्मा के हाथों उन्हें हार का सामना करना पड़ा।
2017 में BJP के टिकट पर जीते, बने मंत्री
वर्ष 2017 के विधानसभा चुनाव में अनिल शर्मा BJP के टिकट पर शिकारपुर सीट से विधायक निर्वाचित हुए। योगी आदित्यनाथ सरकार के पहले कार्यकाल में उन्हें वन एवं पर्यावरण राज्यमंत्री की जिम्मेदारी सौंपी गई। वर्ष 2022 के विधानसभा चुनाव में उन्होंने एक बार फिर शिकारपुर विधानसभा सीट से जीत हासिल की और विधायक बने। इस तरह उन्होंने अपने लंबे राजनीतिक करियर में ग्राम प्रधान से लेकर विधायक और प्रदेश सरकार में मंत्री तक की जिम्मेदारियां संभालीं।
समर्थकों में शोक की लहर
अनिल शर्मा के निधन की खबर सामने आने के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं और उनके समर्थकों में शोक व्याप्त है। क्षेत्र के बड़ी संख्या में लोग उनके निधन पर शोक व्यक्त कर रहे हैं और सोशल मीडिया के जरिए उन्हें श्रद्धांजलि दे रहे हैं। स्थानीय लोगों के बीच उनकी लंबे राजनीतिक अनुभव और क्षेत्र में सक्रियता को लेकर भी चर्चा हो रही है।