भारत की स्टार महिला पहलवान विनेश फोगाट का एशियन गेम्स 2026 में हिस्सा लेने का सपना अधूरा रह गया। एशियन गेम्स ट्रायल्स के 53 किलोग्राम भारवर्ग के सेमीफाइनल मुकाबले में उन्हें मीनाक्षी गोयत के खिलाफ 4-6 से करीबी हार का सामना करना पड़ा। इस हार के साथ ही विनेश का आगामी एशियन गेम्स में भारत का प्रतिनिधित्व करने का रास्ता बंद हो गया।
ट्रायल्स में विनेश ने शानदार शुरुआत की थी। अपने पहले मुकाबले में उन्होंने ज्योति को 7-1 से हराया। इसके बाद दूसरे बाउट में निशु के खिलाफ बेहद रोमांचक मुकाबले में 7-6 से जीत दर्ज कर सेमीफाइनल में जगह बनाई। हालांकि, सेमीफाइनल में मीनाक्षी गोयत के खिलाफ वह अपनी लय बरकरार नहीं रख सकीं। मुकाबले के दौरान विनेश ने दो बार रेफरी के फैसले को चुनौती दी और दोनों बार उन्हें एक-एक अंक मिला। वहीं मीनाक्षी ने भी एक बार चैलेंज किया, लेकिन रेफरी के निर्णय से पहले ही उसे वापस ले लिया। कड़े संघर्ष के बावजूद विनेश जीत हासिल नहीं कर सकीं और ट्रायल्स से बाहर हो गईं।
गौरतलब है कि विनेश फोगाट ने हाल ही में अपना संन्यास वापस लेकर कुश्ती में वापसी की थी। एशियन गेम्स ट्रायल्स में हिस्सा लेने के लिए उन्हें कानूनी लड़ाई भी लड़नी पड़ी। पहले हाई कोर्ट और बाद में सुप्रीम कोर्ट से राहत मिलने के बाद उन्हें ट्रायल्स में भाग लेने की अनुमति मिली। ट्रायल्स से पहले उनके चयन को लेकर विवाद भी हुआ, जिसे भारतीय कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष संजय सिंह के हस्तक्षेप के बाद सुलझाया गया।
पेरिस ओलंपिक 2024 के बाद संन्यास लेने वाली विनेश राजनीति में सक्रिय हो गई थीं और हरियाणा की जुलाना विधानसभा सीट से कांग्रेस विधायक चुनी गई थीं। हालांकि उन्होंने दोबारा कुश्ती में वापसी का फैसला किया, लेकिन इस बार ट्रायल्स में ही उनका सफर समाप्त हो गया।विनेश फोगाट का एशियन गेम्स में शानदार रिकॉर्ड रहा है। उन्होंने 2014 इंचियोन एशियन गेम्स में 48 किलोग्राम भारवर्ग में कांस्य पदक जीता था। इसके बाद 2018 जकार्ता एशियन गेम्स में 50 किलोग्राम वर्ग में स्वर्ण पदक अपने नाम कर भारतीय कुश्ती को बड़ी उपलब्धि दिलाई थी।
वहीं, 2022 एशियन गेम्स (जिसका आयोजन 2023 में हांगझोऊ में हुआ) में वह घुटने की गंभीर चोट के कारण हिस्सा नहीं ले सकी थीं। उनकी अनुपस्थिति में 53 किलोग्राम वर्ग में अंतिम पंघाल ने भारत के लिए कांस्य पदक जीता था। अब ट्रायल्स में मिली इस हार के बाद विनेश फोगाट की अंतरराष्ट्रीय कुश्ती में वापसी को बड़ा झटका लगा है।