नई दिल्ली। संसद का बजट सत्र आज बुधवार से प्रारंभ हो रहा है। कल 1 फरवरी को सरकार अपना अंतरिम बजट पेश करेगी। मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल का यह आखिरी बजट है। चुनाव के बाद नई सरकार पूर्ण बजट पेश करेगी। संसद का यह सत्र 10 दिनों का होगा जो नौ फरवरी तक चलेगा। इसमें कुल आठ बैठकें प्रस्तावित हैं।
नए भवन में नीतियों पर सार्थक संवाद होगा: राष्ट्रपति मुर्मू
संसद के बजट सत्र की शुरुआत राष्ट्रपति के अभिभाषण से हुई। अपने संबोधन में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा,”अमृतकाल की शुरुआत में यह भवन बना है, यहां एक भारत, श्रेष्ठ भारत की महक भी है। मुझे पूरा विश्वास है कि इस नए भवन में नीतियों पर सार्थक संवाद होगा। ऐसी नीतियां जो आजादी के अमृत काल में विकसित भारत का निर्माण करेंगी।”
संसदीय कार्य मंत्री प्रल्हाद जोशी ने बताया कि बजट सत्र के लिए सरकार का कोई विधायी एजेंडा नहीं है और उसका जोर राष्ट्रपति के अभिभाषण, धन्यवाद प्रस्ताव पर चर्चा, अंतरिम बजट की प्रस्तुति एवं जम्मू-कश्मीर के बजट पर होगा।
आलोचना तीखी हो, हुड़दंग न हो
पीएम मोदी ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि कुछ लोग आद्तन हुड़दंग करते हैं, दस साल में उन्होंने जो किया, वो अपने संसदीय क्षेत्र में 100 लोगों से पूछ लें कि उन्होंने संसदीय क्षेत्र के लिए क्या किया है, शायद ही कोई क्षेत्र का कोई व्यक्ति बता पाए। कहा कि पूर्ण बजट भी हम ही लेकर आएंगे। यह सत्र कुछ लोगों के लिए पश्चाताप का एक अवसर है।
कर्तव्य पथ पर नारी शक्ति के सामर्थ्य-शौर्य को अनुभव किया
PM मोदी ने कहा, ” साथियों 2024 के वर्ष का राम-राम। इस नए संसद भवन में जो पहला सत्र हुआ था उसके आखिर में इस संसद ने एक बहुत ही गरिमापूर्ण फैसला लिया था, जो नारी शक्ति वंदन अधिनियम था।
उसके बाद 26 जनवरी को भी हमने देखा किस प्रकार से देश ने कर्तव्य पथ पर नारी शक्ति के सामर्थ्य-शौर्य को अनुभव किया और आज बजट सत्र का आरंभ हो रहा है तब राष्ट्रपति द्रौपदि मुर्मू का मार्गदर्शन और कल निर्मला सीतारमण द्वारा अंतरिम बजट, एक प्रकार से नारी शक्ति के साक्षात्कार का पर्व है।”