पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान वीरवार सुबह करीब 6:30 बजे अपने पैतृक गांव सतौज पहुंचे। इस दौरान उनके जीवन पर बन रही एक डॉक्यूमेंट्री की शूटिंग भी की गई। मुख्यमंत्री के साथ उनकी माता, बहन और अन्य परिजन भी मौजूद रहे।
गांव पहुंचते ही मुख्यमंत्री सबसे पहले अपने पुराने घर गए। इसके बाद उन्होंने गांव के खेल मैदान और धर्मशाला का दौरा किया। उन्होंने गांव के धार्मिक डेरे में हाजिरी लगाई और ऐतिहासिक गुरुद्वारा साहिब में मत्था टेका। मुख्यमंत्री मान ने अपने दौरे की तस्वीरें साझा करते हुए कहा कि सतौज गुरुद्वारा साहिब में मत्था टेककर उन्हें आत्मिक शांति मिली। उन्होंने लिखा कि लोगों का प्यार और सम्मान उनकी जिम्मेदारी को और बढ़ाता है और वे हमेशा जनता की सेवा के लिए तैयार रहते हैं।
डॉक्यूमेंट्री में मुख्यमंत्री के बचपन, संघर्ष और मुख्यमंत्री बनने तक के सफर को उनके पैतृक गांव की पृष्ठभूमि में दिखाया जा रहा है। गांव के बुजुर्गों और युवाओं में अपने ‘लाडले’ को अपने बीच पाकर खासा उत्साह देखने को मिला। मुख्यमंत्री की सुरक्षा और शूटिंग में किसी तरह की बाधा को रोकने के लिए गांव में कड़े सुरक्षा इंतजाम किए गए थे। पूरे गांव को सील कर दिया गया था और सभी प्रवेश द्वारों पर भारी पुलिस बल तैनात रहा। शूटिंग के दौरान बाहरी लोगों और वाहनों के प्रवेश पर पूरी तरह रोक रही, जबकि ग्रामीणों को भी सुरक्षा जांच के बाद ही आवाजाही की अनुमति दी गई।