पटना। बिहार में गाद (सिल्ट) की समस्या से निपटने और जल प्रबंधन को बेहतर बनाने की दिशा में केंद्र सरकार ने महत्वपूर्ण पहल की है। बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की ओर से लंबे समय से उठाई जा रही मांग को केंद्र सरकार ने स्वीकार कर लिया है। बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने इसे राज्य के विकास, बाढ़ नियंत्रण और जनकल्याण की दिशा में ऐतिहासिक कदम बताया है।
सम्राट चौधरी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी का आभार जताया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने इस मांग को साकार करने की दिशा में पहल की है। इससे बिहार में जल प्रबंधन और बाढ़ नियंत्रण की व्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
सम्राट चौधरी के मुताबिक, यह निर्णय बिहार के समग्र विकास के लिए महत्वपूर्ण है। गाद की समस्या का समाधान होने से नदियों और जल संसाधनों के बेहतर प्रबंधन की दिशा में मदद मिलेगी। साथ ही बाढ़ के खतरे को नियंत्रित करने और राज्य में विकास कार्यों को गति देने में भी इसका योगदान हो सकता है।
मुख्यमंत्री ने इस पहल को डबल इंजन सरकार की बिहार के विकास और जनकल्याण के प्रति प्रतिबद्धता का प्रमाण बताया। उन्होंने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार मिलकर बिहार के विकास के लिए काम कर रही हैं।
सम्राट चौधरी ने अपने संदेश में यह भी स्पष्ट किया कि राज्य सरकार की प्राथमिकताओं में संगठित अपराध के खिलाफ सख्त कार्रवाई और कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाना शामिल है। सरकार इन मोर्चों पर भी प्रभावी कदम उठाने के लिए प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री ने इस महत्वपूर्ण पहल के लिए बिहार की जनता की ओर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी का आभार व्यक्त किया।




