दुमका। झारखंड के दुमका जिले में नाबालिग बच्ची की हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने मामले के आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी ने पूछताछ के दौरान अपना अपराध स्वीकार कर लिया है। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल किए गए कपड़े भी बरामद किए हैं।
दुमका: झारखंड के दुमका जिले के काठीकुंड थाना क्षेत्र में नाबालिग बच्ची की हत्या के मामले का पुलिस ने खुलासा किया है। इस मामले में पुलिस ने करीब 35 वर्षीय शिशु टुडू को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपी ने पूछताछ के दौरान अपना अपराध स्वीकार कर लिया है। गिरफ्तारी के बाद उसे न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया की जा रही है।
पुलिस के अनुसार, 9 अक्टूबर 2026 की रात करीब 8:30 बजे काठीकुंड थाना प्रभारी को सूचना मिली थी कि एक नाबालिग लड़की स्कूल से वापस आने के बाद शाम करीब 3:30 बजे अपने गांव के पास मैदान में बंधे गाय-बैल को खोलने गई थी। सभी मवेशी घर लौट आए, लेकिन बच्ची घर नहीं पहुंची। इसके बाद परिजनों ने उसकी तलाश शुरू की। मैदान के पास गाय-बैल बांधने वाली रस्सी और बच्ची का चप्पल मिलने के बाद खोजबीन तेज की गई।
पुलिस और ग्रामीणों की संयुक्त तलाशी के दौरान गांव से करीब 500 मीटर दूर चेक डैम के पास पुटुस की झाड़ियों में बच्ची का शव अर्धनग्न अवस्था में मिला। इसके बाद मामले में लिखित आवेदन के आधार पर 10 अक्टूबर 2026 को काठीकुंड थाना कांड संख्या 35/2026 दर्ज किया गया। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103(1), 238 और 3(5) के साथ पॉक्सो एक्ट की धारा 6 के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
500 लोगों से पूछताछ, वैज्ञानिक तरीके से जांच
मामले की गंभीरता को देखते हुए संथाल परगना क्षेत्र के पुलिस उपमहानिरीक्षक के निर्देश पर दुमका के पुलिस अधीक्षक के नेतृत्व में विशेष जांच टीम (SIT) गठित की गई। टीम ने गुप्त सूचनाओं, मानवीय स्रोतों, तकनीकी साक्ष्यों, डॉग स्क्वॉड, फिंगरप्रिंट टीम और एफएसएल की मदद से जांच की।
पुलिस ने जांच के दौरान जीतपुर, भंडारो, पिपरा और आसपास के गांवों में छानबीन की। इस दौरान करीब 500 लोगों से पूछताछ की गई। इसी क्रम में पुलिस को मामले में संदिग्ध शिशु टुडू के बारे में जानकारी मिली। पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
आरोपी के पास से कपड़े बरामद
पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर घटना से जुड़े बताए गए तीन कपड़े बरामद किए हैं। इनमें भूरे रंग का चेकदार गमछा, नीले रंग की जांघिया और हरे-सफेद रंग की चेकदार टी-शर्ट शामिल हैं। पुलिस मामले में साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।
इस कार्रवाई में दुमका के पुलिस अधीक्षक पीतांबर सिंह खेरवार के नेतृत्व में गठित एसआईटी के अधिकारियों और विभिन्न थानों के पुलिसकर्मियों ने भूमिका निभाई। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर की गई है।