सिडनी। ऑस्ट्रेलिया की महिला क्रिकेट टीम की कप्तान और दिग्गज विकेटकीपर-बल्लेबाज एलिसा हीली ने अपने करियर को लेकर बड़ा फैसला लिया है। उन्होंने साफ कर दिया है कि वह 2026 महिला टी20 विश्व कप में हिस्सा नहीं लेंगी और सभी फॉर्मेट से संन्यास लेने जा रही हैं। हीली भारत के खिलाफ फरवरी–मार्च में होने वाली घरेलू सीरीज के बाद अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से विदाई लेंगी।
एलिसा हीली ने बताया कि टीम की आगामी टी20 विश्व कप तैयारियों को ध्यान में रखते हुए वह भारत के खिलाफ टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों में नहीं खेलेंगी। हालांकि, वह पर्थ में होने वाली वनडे सीरीज और डे-नाइट टेस्ट मैच में ऑस्ट्रेलिया की कप्तानी करती नजर आएंगी। यही सीरीज उनके शानदार करियर की आखिरी अंतरराष्ट्रीय प्रस्तुति होगी।
अपने फैसले पर बात करते हुए हीली ने कहा कि देश का प्रतिनिधित्व करना उनके लिए हमेशा सबसे बड़ा गर्व रहा है और भारत के खिलाफ आने वाली सीरीज उनके करियर का भावनात्मक समापन होगी। क्रिकेट ऑस्ट्रेलिया के सीईओ टॉड ग्रीनबर्ग ने उन्हें खेल की महान खिलाड़ियों में शामिल बताते हुए ऑस्ट्रेलियाई महिला क्रिकेट में उनके योगदान को ऐतिहासिक करार दिया।
एलिसा हीली ने साल 2010 में महज 19 वर्ष की उम्र में न्यूजीलैंड के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में कदम रखा था। वह महिला क्रिकेट की सबसे आक्रामक बल्लेबाजों और विश्व की सर्वश्रेष्ठ विकेटकीपरों में गिनी जाती हैं। अपने करियर के दौरान वह आठ आईसीसी विश्व कप जीतने वाली ऑस्ट्रेलियाई टीमों का हिस्सा रहीं, जिसमें छह टी20 और दो वनडे विश्व कप शामिल हैं। इसके अलावा 2022 कॉमनवेल्थ गेम्स में स्वर्ण पदक जीतने वाली टीम में भी उनका अहम योगदान रहा।
मेग लैनिंग के संन्यास के बाद 2023 में हीली को ऑस्ट्रेलिया की नियमित कप्तान बनाया गया था। कप्तान के रूप में उनकी सबसे यादगार उपलब्धि इंग्लैंड के खिलाफ 16–0 से एशेज सीरीज में क्लीन स्वीप रही। उनके नेतृत्व में ऑस्ट्रेलिया ने 2024 महिला टी20 विश्व कप और 2025 महिला वनडे विश्व कप के सेमीफाइनल तक का सफर भी तय किया।
रिकॉर्ड्स की बात करें तो हीली के नाम विश्व कप फाइनल में सबसे बड़ा व्यक्तिगत स्कोर दर्ज है, वहीं अंतरराष्ट्रीय टी20 क्रिकेट में उन्होंने रिकॉर्ड 126 डिसमिसल किए हैं। उन्होंने ऑस्ट्रेलिया के लिए 162 टी20, 126 वनडे और 11 टेस्ट मुकाबले खेले हैं।
घरेलू क्रिकेट में भी उनका प्रदर्शन शानदार रहा है। बिग बैश लीग में सिडनी सिक्सर्स के लिए 11 सीजन में उन्होंने 3,000 से ज्यादा रन बनाए और टीम को दो खिताब जिताए। वीमेंस प्रीमियर लीग में वह यूपी वॉरियर्स की कप्तान की भूमिका भी निभा चुकी हैं।