प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जेवर में नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के पहले चरण का उद्घाटन कर देश को एक बड़ी सौगात दी। इस मौके पर उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल, मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू भी मौजूद रहे।
प्रधानमंत्री मोदी सुबह करीब 11.30 बजे एयरपोर्ट पहुंचे और पहले इसका निरीक्षण किया। इसके बाद उन्होंने इसे देश को समर्पित किया। नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट का सपना साल 2001 में तत्कालीन मुख्यमंत्री राजनाथ सिंह की सरकार ने देखा था। इसकी नींव साल 2021 में पीएम मोदी ने रखी थी और अब करीब साढ़े चार साल बाद पहला चरण तैयार हो गया है। इस चरण में 11,200 करोड़ रुपये की लागत से आधुनिक सुविधाओं वाला एयरपोर्ट तैयार हुआ है।
एयरपोर्ट पर 3,900 मीटर लंबा रनवे, आधुनिक नेविगेशन सिस्टम और ऑल-वेदर ऑपरेशन की सुविधा उपलब्ध है। इसे एशिया के सबसे बड़े और दुनिया के चौथे सबसे बड़े एयरपोर्ट के रूप में विकसित किया जा रहा है। पहले चरण में इसकी क्षमता 1.2 करोड़ यात्री प्रति वर्ष है, जिसे भविष्य में 7 करोड़ तक बढ़ाया जाएगा।
एयरपोर्ट में ‘इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम’ (ILS) और उन्नत लाइटिंग की व्यवस्था है, जिससे घने कोहरे और खराब मौसम में भी विमान सुरक्षित लैंड और टेक-ऑफ कर सकेंगे। आधुनिक तकनीक के जरिए यात्रियों के लिए मात्र 30 सेकंड में चेक-इन और 20 मिनट से कम समय में बोर्डिंग की सुविधा भी उपलब्ध होगी। यह एयरपोर्ट राज्य और देश के विमानन क्षेत्र में नई क्रांति लाने के लिए तैयार है और आने वाले समय में अंतरराष्ट्रीय उड़ानों के लिए भी महत्वपूर्ण केंद्र बनेगा।