गोंडा: उत्तर प्रदेश के गोंडा में बर्तन कारोबारी विनोद साहनी की हत्या के बाद सियासी घमासान तेज हो गया है। विपक्षी दलों के नेताओं के गोंडा पहुंचने का सिलसिला जारी है। रविवार को आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के अध्यक्ष और भीम आर्मी प्रमुख चंद्रशेखर आजाद अपने समर्थकों के साथ पीड़ित परिवार से मिलने गोंडा जा रहे थे, लेकिन बाराबंकी के रामनगर में पुलिस ने उन्हें रोक लिया। इस दौरान चंद्रशेखर आजाद की पुलिस अधिकारियों से तीखी बहस हुई। विरोध में वह समर्थकों के साथ धरने पर भी बैठ गए। करीब तीन घंटे तक चले घटनाक्रम के बाद पुलिस ने उन्हें वहां से हटाकर वापस लखनऊ भेज दिया।
पुलिस से बहस के बाद धरने पर बैठे चंद्रशेखर
पुलिस के मुताबिक, रामनगर में चंद्रशेखर आजाद और उनके समर्थकों को रोकने के लिए गोंडा और बाराबंकी पुलिस की टीम मौजूद थी। चंद्रशेखर ने अधिकारियों से सवाल करते हुए पुलिस की कार्रवाई पर नाराजगी जताई। उन्होंने आरोप लगाया कि पुलिस को उनके गोंडा आने की जानकारी थी, लेकिन हत्या के मामले में दूसरे पक्ष की गतिविधियों पर पुलिस का ध्यान नहीं गया। चंद्रशेखर के समर्थकों ने इस दौरान पुलिस के खिलाफ नारेबाजी भी की। चंद्रशेखर के समर्थकों ने आरोप लगाया कि पुलिस के साथ रोकने के दौरान धक्का-मुक्की भी हुई।
चंद्रशेखर ने CBI जांच और एक करोड़ रुपये मुआवजे की मांग की
मीडिया से बातचीत में चंद्रशेखर आजाद ने यूपी की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि विनोद साहनी की हत्या राजनीतिक वजहों से हुई है। चंद्रशेखर ने दावा किया कि विनोद साहनी करीब दो महीने पहले उनसे मिले थे और करनैलगंज विधानसभा सीट से चुनाव लड़ने की इच्छा जताई थी। उन्होंने आरोप लगाया कि जिन लोगों को इससे राजनीतिक नुकसान हो रहा था, उन्हीं की ओर से हत्या कराए जाने की आशंका है। उन्होंने मामले की CBI जांच, मृतक के परिवार को एक करोड़ रुपये का मुआवजा, परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी और परिजनों की सुरक्षा की मांग की।
पुलिस को चकमा देकर गोंडा पहुंचीं पल्लवी पटेल
वहीं, सिराथू विधायक पल्लवी पटेल पुलिस को चकमा देकर गोंडा पहुंचने में कामयाब रहीं। उन्होंने मृतक विनोद कुमार साहनी के घर पहुंचकर परिजनों से मुलाकात की। परिजनों से मिलने के बाद पल्लवी पटेल ने परसपुर थाने के एसओ से आरोपियों की गिरफ्तारी को लेकर बातचीत की। उन्होंने पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि मामले में जिस तरह की कार्रवाई होनी चाहिए, वह नहीं हो रही है। पल्लवी पटेल ने सभी आरोपियों के खिलाफ NSA लगाने और बुलडोजर कार्रवाई की मांग की।
कई विपक्षी नेता पहले भी पहुंच चुके हैं गोंडा
विनोद साहनी हत्याकांड को लेकर इससे पहले भी कई राजनीतिक दलों के नेता पीड़ित परिवार से मुलाकात कर चुके हैं। मंत्री संजय निषाद, वीआईपी पार्टी के नेता मुकेश साहनी और समाजवादी पार्टी के नेताओं ने पीड़ित परिजनों से मुलाकात की थी। इस मामले को लेकर लखनऊ में धरना-प्रदर्शन भी हो चुका है। हत्याकांड को लेकर विपक्षी नेताओं के लगातार गोंडा पहुंचने से मामले ने राजनीतिक रंग ले लिया है। वहीं, पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और आरोपों की भी जांच की जा रही है।