नई दिल्ली। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के नतीजों के बाद राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। आम आदमी पार्टी (AAP) के संयोजक और दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री Arvind Kejriwal ने भारतीय जनता पार्टी (BJP) की जीत पर सवाल उठाते हुए चुनाव प्रक्रिया को लेकर संदेह जताया है। उन्होंने तृणमूल कांग्रेस (TMC) की हार पर प्रतिक्रिया देते हुए केंद्र सरकार पर अप्रत्यक्ष रूप से निशाना साधा।
‘मोदी लहर में नहीं जीते, अब कैसे?’
अरविंद केजरीवाल ने अपने बयान में कहा कि जब तथाकथित ‘मोदी लहर’ अपने चरम पर थी, तब बीजेपी पश्चिम बंगाल और दिल्ली जैसे राज्यों में बड़ी जीत दर्ज नहीं कर पाई थी। ऐसे में अब, जब प्रधानमंत्री Narendra Modi की लोकप्रियता को लेकर सवाल उठाए जा रहे हैं, बीजेपी की बड़ी जीत कैसे संभव हो गई—यह एक अहम सवाल है। उन्होंने अपने आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर लिखा कि 2015 के दिल्ली चुनाव और 2016 के बंगाल चुनाव में बीजेपी को सीमित सीटें मिली थीं, लेकिन अब वही पार्टी दोनों राज्यों में मजबूत स्थिति में पहुंच गई है। केजरीवाल ने इस बदलाव को लेकर पारदर्शिता की मांग की।
TMC के समर्थन में किया था प्रचार
गौरतलब है कि केजरीवाल ने पश्चिम बंगाल चुनाव में तृणमूल कांग्रेस प्रमुख Mamata Banerjee के समर्थन में प्रचार भी किया था। उन्होंने कई रैलियों और जनसभाओं के जरिए TMC के पक्ष में माहौल बनाने की कोशिश की थी। इसके बावजूद चुनाव परिणाम पार्टी के पक्ष में नहीं रहे। अपने बयान में केजरीवाल ने 2025 के दिल्ली विधानसभा चुनाव का भी जिक्र किया, जहां आम आदमी पार्टी को हार का सामना करना पड़ा था। उन्होंने कहा कि जिस तरह से दिल्ली में अप्रत्याशित नतीजे सामने आए, उसी तरह के सवाल बंगाल के परिणामों को लेकर भी उठ रहे हैं।
संजय सिंह का तीखा बयान
वहीं, आम आदमी पार्टी के वरिष्ठ नेता Sanjay Singh ने भी चुनाव प्रक्रिया पर सवाल उठाए। उन्होंने केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि चुनाव के दौरान बड़े पैमाने पर सुरक्षा बलों की तैनाती की गई। उनके मुताबिक, यह स्थिति असामान्य थी और इससे चुनाव की निष्पक्षता पर सवाल खड़े होते हैं।