जयपुर| जयपुर से भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की खबर सामने आई है। राजस्थान सरकार ने करौली जिले में तैनात RAS अधिकारी और SDM काजल मीणा को सस्पेंड कर दिया है। यह कार्रवाई उनकी गिरफ्तारी के बाद की गई है।
भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने काजल मीणा, उनके रीडर दिनेश कुमार सैनी और वरिष्ठ सहायक प्रवीण धाकड़ को 60 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों पकड़ा। मामला करौली जिले के नादौती इलाके में एक जमीन विवाद से जुड़ा है, जहां अंतिम डिक्री जारी करने के बदले रिश्वत ली जा रही थी।
ACB के अनुसार, आरोपियों ने शुरुआत में 1 लाख रुपये की मांग की थी, जिसे बाद में घटाकर 50 हजार रुपये कर दिया गया। शिकायत मिलने के बाद टीम ने सत्यापन कर जाल बिछाया और कार्रवाई को अंजाम दिया।
छापे में 4 लाख रुपये भी बरामद
कार्रवाई के दौरान आरोपियों के पास से एक बैग में रखे 4 लाख रुपये भी बरामद हुए हैं। इन पैसों को संदिग्ध मानते हुए जांच की जा रही है। सरकारी आदेश के मुताबिक, काजल मीणा को राजस्थान सिविल सेवा नियम 1958 के तहत 16 अप्रैल से ही निलंबित माना गया है। निलंबन अवधि के दौरान उनका मुख्यालय कार्मिक विभाग, जयपुर रहेगा।
ACB ने इस मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। काजल मीणा 2024 बैच की RAS अधिकारी हैं और इससे पहले टोंक में सहायक कलेक्टर (प्रशिक्षु) के तौर पर कार्य कर चुकी हैं।