Connect with us
https://aajkikhabar.com/wp-content/uploads/2020/12/Digital-Strip-Ad-1.jpg

अन्तर्राष्ट्रीय

खूंरेजी हुई मालदीव की राजनीति, अभियोजक पर चाकू से दिनदहाड़े हमला; भारत समर्थक पार्टी ने किया था नियुक्त

Published

on

Maldives politics becomes bloodthirsty prosecutor attacked with a knife in broad daylight

Loading

माले। मालदीव के राजनीतिक संकट के बीच देश के अभियोजक जनरल हुसैन शमीम पर दिनदहाड़े चाकू से बेरहमी से हमला किया गया है। ऑनलाइन समाचार आउटलेट अधाधू के मुताबिक, हमला किसने और क्यों किया है इसका अब तक कोई खुलासा नहीं हो पाया है।

शमीम पर हमला आज सुबह किया गया और इस समय उनका मालदीव के एडीके अस्पताल में इलाज चल रहा है। मालदीवियन डेमोक्रेटिक पार्टी (MDP) के पूर्व राष्ट्रपति इब्राहिम सोलिह की सरकार ने हुसैन शमीम को नियुक्त किया था। यह वहीं पार्टी है जो मालदीव के राष्ट्रपति मुइज्जू के खिलाफ महाभियोग ला रही है।

पूर्व नियोजित माना जा रहा हमला

हुसैन शमीम पर हुए हमले पर डेमोक्रेट्स ने बयान जारी कर कहा कि चूंकि हमला सड़क पर हुआ, इसलिए इसे पूर्व नियोजित और सुनियोजित माना जा रहा है। राज्य में उच्च संवैधानिक रूप से नियुक्त पद पर बैठे व्यक्ति पर इस तरह का हमला पूरी व्यवस्था पर हमला है। यह एक खतरनाक संकेत है। घटना की जांच मालदीव पुलिस द्वारा की जा रही है।’

नुकीली चीज से हुआ था हमला?

पहले बताया जा रहा था कि शमीम पर धारदार ऑब्जेक्ट से हमला किया गया है। हालांकि, पुलिस ने इस बात से इनकार किया है। पुलिस ने एक बयान में बताया है कि अभियोजक हुसैन शमीम पर किसी भी नुकीली चीज से हमला नहीं किया गया था। देश में हिंसा की बढ़ती घटनाओं के बीच ऐसा मामला सामने आया है। हाल ही में मालदीव की संसद में भी हिंसा हुई जब सरकारी सांसदों (पीपीएम/पीएनसी पार्टी) ने संसद और अध्यक्षों की कार्यवाही में बाधा डाली थी।

राष्ट्रपति मुइज्जू के खिलाफ खोला मोर्चा

लक्षद्वीप विवाद के बाद अब विपक्षी राष्ट्रपति मुइज्जू को सत्ता से हटाने में जुट गई है। मालदीवियन डेमोक्रेटिक पार्टी (MDP) पार्टी मुइज्जू के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पेश कर सकती है। संसद में MDP पार्टी ने सांसदों से लिखित तौर पर समर्थन भी हासिल कर लिया है।

विपक्षियों का मानना है कि मालदीव की सुरक्षा और स्थिरता के लिए यह महत्वपूर्ण है। गौरतलब है कि मालदीव में संसदीय अल्पसंख्यक नेता अली अजीम ने भी राष्ट्रपति मोहम्मद मुइज्जू के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव लाने का आह्वान किया था।

अन्तर्राष्ट्रीय

ट्रंप ने हमास को दी चेतावनी, ‘मेरे शपथ ग्रहण से पहले बंधकों को रिहा नहीं किया तो मिडिल ईस्ट में कहर बरपेगा

Published

on

Loading

नई दिल्ली। अमेरिका के नव निर्वाचित राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हमास को चेतावनी दी है कि अगर उनके शपथ ग्रहण से पहले बंधकों को रिहा नहीं किया गया, तो वह पश्चिम एशिया में कहर बरपा देंगे। हमास ने सात अक्टूबर 2023 को इजराइल पर हमला करके बड़ी संख्या में लोगों को बंधक बना लिया था। अधिकारियों का कहना है कि अब भी लगभग 100 लोग हमास के कब्जे हैं जिनमें कुछ अमेरिकी नागरिक भी हैं। अधिकारियों का यह भी मानना ​​है कि बंधक बनाए गए लोगों में से कई की अब तक मौत हो गई होगी।

ट्रंप ने फ्लोरिडा के मार-ए-लागो में कहा, ‘‘ अगर बंधक वापस नहीं आए तो सब कुछ बिगड़ जाएगा। मैं आपकी बातचीत को नुकसान नहीं पहुंचाना चाहता, अगर वे मेरे पदभार ग्रहण करने तक वापस नहीं आए तो पश्चिम एशिया में सब कुछ बिगड़ जाएगा।’’ वह अमेरिकी बंधकों की रिहाई पर हमास के साथ वार्ता की स्थिति पर पूछे गए सवाल का जवाब दे रहे थे। ट्रंप ने हमास को 20 जनवरी तक सभी बंधकों को रिहा करने की चेतावनी दी।

उन्होंने कहा, ‘‘ यह हमास के लिए अच्छा नहीं होगा और सच कहूं तो यह किसी के लिए भी अच्छा नहीं होगा। सब कुछ बर्बाद हो जाएगा। मुझे और कुछ कहने की ज़रूरत नहीं है लेकिन ऐसा ही है। उन्हें बहुत पहले ही बंधकों को रिहा कर देना चाहिए था। सात अक्टूबर जैसा हमला कभी नहीं होना चाहिए था..।’’

Continue Reading

Trending